इंदौर. देश में कोरोना वायरस (Corona virus) के प्रकोप से सबसे ज्यादा प्रभावित जिलों में शामिल इंदौर में इस महामारी से दो और मरीजों की मौत की पुष्टि की गयी है. नतीजतन जिले में महामारी की जद में आने के बाद दम तोड़ने वाले मरीजों की संख्या बढ़कर 57 पर पहुंच गयी है. मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) प्रवीण जड़िया (Praveen Jadiya) ने शनिवार को बताया कि शहर में पिछले तीन दिन में कोरोना वायरस संक्रमण से 75 वर्षीय और 55 वर्षीय दो पुरुषों की मौत हुई.

उन्होंने बताया कि दोनों मरीज शहर के अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती थे. इनमें से एक व्यक्ति को दमे की पुरानी समस्या थी. सीएमएचओ ने बताया कि पिछले 24 घंटे के दौरान जिले में कोविड-19 (COVID-19) के 56 नये मरीज मिलने के बाद इनकी तादाद 1,029 से बढ़कर 1,085 पर पहुंच गयी है. इनमें से 107 मरीजों को इलाज के बाद स्वस्थ होने पर अस्पतालों से छुट्टी दी जा चुकी है.

शनिवार सुबह तक मृत्यु दर की स्थिति 5.25 प्रतिशत थी

आंकड़ों की गणना के मुताबिक, जिले में कोविड-19 के मरीजों की मृत्यु दर शनिवार सुबह तक की स्थिति में 5.25 प्रतिशत थी. जिले में इस महामारी के मरीजों की मृत्यु दर पिछले कई दिन से राष्ट्रीय औसत से ज्यादा बनी हुई है. इंदौर में कोरोना वायरस का पहला मरीज मिलने के बाद से प्रशासन ने 25 मार्च से शहरी सीमा में कर्फ्यू लगा रखा है, जबकि जिले के अन्य स्थानों पर सख्त लॉकडाउन लागू है.

शुक्रवार को 30 से ज्यादा मामले सामने आए थे

वहीं, यदि राजधानी भोपाल की बात करें तो भोपाल में शुक्रवार को 30 से ज्यादा मामले सामने आए. बढ़ते मरीज़ों की संख्या 3 सौ का आंकड़ा पार कर चुकी है. शहर में पॉजिटिव मिले मरीज़ों में स्वास्थ्य और पुलिस विभाग के लोग और उनके परिवार वाले भी शामिल हैं. सूबे का प्रसिद्ध अस्पताल हमीदिया भी इसके कहर से बचा नहीं है. हालां​कि इससे इतर भोपाल में अब तक कोरोना को हराकर डिस्चार्ज हुए मरीज़ो की बात करें तो अबतक 133 मरीज़ डिस्चार्ज हो चुके हैं.